हॉकी वर्ल्ड कप भारत–पाकिस्तान में होगा रोचक मुकाबला

कोलकाता
मेंस और विमेंस हॉकी वर्ल्ड कप 15 अगस्त से नीदरलैंड्स और बेल्जियम में खेला जाएगा। 30 अगस्त तक चलने वाले 16 टीमों के टूर्नामेंट का फॉर्मेट बदला गया है। अब क्वार्टर फाइनल नहीं होंगे। भारत को पूल- में इंग्लैंड, पाकिस्तान और वेल्स के साथ रखा गया है। हरमनप्रीत सिंह की कप्तानी वाली भारतीय टीम 15 अगस्त को वेल्स के खिलाफ अभियान शुरू करेगी। इसके बाद 17 अगस्त को इंग्लैंड और 19 अगस्त को पाकिस्तान से मुकाबला होगा।
16 टीमें 4 ग्रुप में बंटी
वर्ल्ड कप में कुल 16 टीमें हिस्सा ले रही हैं। इन्हें चार पूल में बांटा गया है और हर पूल में चार-चार टीमें हैं।
दूसरे स्टेज में 8 टीमें जाएंगी
टूर्नामेंट के फॉर्मेट में सबसे बड़ा बदलाव क्वार्टर फाइनल को हटाना है। शुरुआती चारों पूल से टॉप-2 टीमें अगले ग्रुप स्टेज में जाएंगी। यानी कुल
8 टीमें दूसरे चरण में पहुंचेंगी। दूसरे चरण में इन टीमों को दो ग्रुप में बांटा जाएगा। इसके बाद दोनों ग्रुप की टॉप-2 टीमें सेमीफाइनल में पहुंचेंगी। इस तरह सीधे दूसरे ग्रुप स्टेज से सेमीफाइनल का रास्ता खुलेगा।
शुरुआती मैच बेहद अहम
नए फॉर्मेट में ग्रुप स्टेज का महत्व बढ़ गया है। भारत को अपने पूल में इंग्लैंड और पाकिस्तान जैसी मजबूत टीमों का सामना करना है। दूसरे चरण में पहुंचने के बाद शुरुआती ग्रुप के आपसी मुकाबलों का असर भी आगे पड़ेगा। भारतीय टीम के कोच क्रेग फुल्टन ने भी शुरुआती पूल मैचों को बेहद महत्वपूर्ण बताया है। उनके मुताबिक, टॉप-2 में पहुंचना जरूरी है और आगे जाने वाली टीमों के बीच हुए मैच का नतीजा अगले चरण में भी अहम भूमिका निभाएगा।
भारतीय पुरुष हॉकी टीम ने 1971 में शुरू हुए पहले हॉकी वर्ल्ड कप से ही इस टूर्नामेंट में खेलना शुरू कर दिया था। टीम ने अब तक 15 बार टूर्नामेंट में भाग लिया और केवल एक बार वर्ल्ड कप जीता है। भारत ने 1975 में कुआलालंपुर, मलेशिया में खेले गए वर्ल्ड कप के फाइनल में पाकिस्तान को हराकर यह खिताब अपने नाम किया था।
भारत महिला टीम 16 अगस्त को चीन के खिलाफ अपना पहला मैच खेलेगी। इसके बाद 18 अगस्त को साउथ अफ्रीका और 20 अगस्त को इंग्लैंड से मुकाबला होगा। फाइनल 29 अगस्त को होगा।




